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*BIG breking:– नए साल में जशपुर को ऐतिहासिक सौगात, मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने 77 सड़कों के लिए ₹192 करोड़ रुपए से अधिक की दी मंजूरी…..*

*BIG breking:– नए साल में जशपुर को ऐतिहासिक सौगात, मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने 77 सड़कों के लिए ₹192 करोड़ रुपए से अधिक की दी मंजूरी…..*

जशपुरनगर।प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में जशपुर जिले को सड़क अधोसंरचना के क्षेत्र में अब तक की सबसे बड़ी सौगात मिली है।नए साल में जिले के विभिन्न विकासखंडों में 77 सड़क निर्माण एवं उन्नयन कार्यों को स्वीकृति प्रदान कर बड़ी सौगात दी है। इन सभी कार्यों के लिए कुल ₹192 करोड़ से अधिक की राशि स्वीकृत की गई है। इससे जिले के ग्रामीण, दूरस्थ एवं आदिवासी अंचलों में आवागमन सुगम होगा और विकास को नई गति मिलेगी।जिले के बगीचा विकासखंड अंतर्गत गायबुड़ा–खालपारा मार्ग के लिए ₹3 करोड़ 24 लाख, टोरा–परसुरा ₹4 करोड़ 33 लाख, समदुरा–तेतरटोली ₹63 लाख, टीआर-02 से अक्रिकोना ₹2 करोड़ 21 लाख, बगडोल–गायरटोली ₹1 करोड़ 90 लाख, छिछली–सन्ना से चीवराडांड ₹2 करोड़ 33 लाख तथा सरईपानी–रागरा मार्ग के लिए ₹2 करोड़ 02 लाख की मंजूरी दी गई है।दुलदुला विकासखंड दुलदुला विकासखंड में कोरना–डोभ (कदमटोली होकर) मार्ग के लिए ₹4 करोड़ 18 लाख, कस्तुरा–सरईटोली ₹2 करोड़ 92 लाख, फरसा–सुनकाडंड कादोबहर ₹2 करोड़ 66 लाख, कंटासारू–तुर्री ₹2 करोड़ 77 लाख, एनएच से कोरकोटटोली ₹4 करोड़ 40 लाख, हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी–आसनबहार (नोनियाताला) ₹2 करोड़ 57 लाख, चटकपुर–सुकबासुटोली–खुंटीटोली–नगेराटुकु ₹3 करोड़ 19 लाख, खुंटीटोली–डंडाडीह ₹2 करोड़ 45 लाख एवं चराईडांड–गिधासांड मार्ग के लिए ₹2 करोड़ 45 लाख स्वीकृत किए गए हैं।जिले के फरसाबहार विकासखंड अंतर्गत तेलाइन–मोहांटोली मार्ग ₹6 करोड़ 88 लाख, खुटगांव–केंदुटोली ₹3 करोड़ 03 लाख, नवाटोली–सहसपुर ₹4 करोड़ 25 लाख, बनखेता–जुनाडीह ₹3 करोड़ 09 लाख, सागजोर–सोनाजोरी ₹3 करोड़ 34 लाख, घुमरा–बुरुशापार ₹2 करोड़ 50 लाख, बलुआबहार–करमटोली ₹1 करोड़ 68 लाख, बेलडीपा–रेगरमुंडा ₹2 करोड़ 56 लाख, घुमरा रोड–छकलपुर ₹1 करोड़ 64 लाख एवं कुनकुरी–लावकेरा से मयूरटोली मार्ग के लिए ₹1 करोड़ 49 लाख की स्वीकृति दी गई है।जिले के कुनकुरी विकासखंड में एमडीआर से रेमते ₹3 करोड़ 80 लाख, खुटगांव से बतानटोली (धान खरीदी केंद्र तक) ₹1 करोड़ 87 लाख, महुवाटोली–पुटुकेला नदी तक ₹1 करोड़ 30 लाख, कुनकुरी–मज्हाटोली ₹2 करोड़ 11 लाख, धुमाडांड–बुधीडेरा ₹1 करोड़ 31 लाख, दमगड़ा–डडगांव ₹2 करोड़ 87 लाख, रानीकोम्बो–छातापारा ₹4 करोड़ 11 लाख, प्रधानमंत्री सड़क से लोढ़ाम्बा ₹2 करोड़ 40 लाख, एनएच-43 से परसाकानी ₹1 करोड़ 96 लाख, बरडांड–सेंदरीमुंडा ₹1 करोड़ 92 लाख, कुनकुरी–राजाडांड ₹2 करोड़ 06 लाख, रजौटी–कोटिया ₹3 करोड़ 84 लाख एवं करमटोली–बोडाटोंगरी मार्ग के लिए ₹5 करोड़ 57 लाख स्वीकृत किए गए हैं।जिले के मनोरा विकासखंड
मनोरा विकासखंड अंतर्गत करडीह–सरईटोली (केराकोना) ₹4 करोड़ 78 लाख, रांझाडीपा–पियारटोली ₹4 करोड़ 86 लाख, टीआर-05–रुकुरमा ₹1 करोड़ 84 लाख, टीआर-07–घटगांव ₹1 करोड़ 42 लाख, बोरोकोना–वनग्राम ₹2 करोड़ 11 लाख, जरहापाठ ₹4 करोड़ 03 लाख एवं मतरलौंगा मार्ग के लिए ₹1 करोड़ 77 लाख की मंजूरी दी गई है।जिले के पत्थलगांव विकासखंड में लखझार–मुडापारा ₹2 करोड़ 28 लाख, चंदागढ़–डूमरमुड़ा ₹1 करोड़ 13 लाख, डूमरबहार–पकरीढाप ₹2 करोड़ 53 लाख, लुडेग–सुरंगपानी (जोरामा) ₹2 करोड़ 94 लाख, सावाटोली–बिछीटोला ₹2 करोड़ 53 लाख, तिरशोथ–मुदापारा ₹1 करोड़ 50 लाख, सरगुजा सीमा–चिमटापानी ₹98 लाख, धवईपारा–दर्रापारा ₹1 करोड़ 20 लाख, बुढ़ाडांड–बरपारा ₹2 करोड़ 07 लाख, लुड़ेग–सुरंगपानी–खगेश्वरपारा ₹2 करोड़ 06 लाख, कदमपारा–लोटापारा ₹1 करोड़ 17 लाख, खरकट्टा–पंडरीपारा ₹1 करोड़ 70 लाख, किलकिला–केराकछार–लाइनपारा ₹1 करोड़ 31 लाख, बंधनपुर–घोटमुड़ा ₹2 करोड़ 19 लाख, लुड़ेग–सुरंगपानी–बरपानी ₹3 करोड़ 31 लाख, पकपानी–घुटारीपारा ₹1 करोड़ 09 लाख तथापतराटोली–पकरीपारा मार्ग के लिए ₹80 लाख स्वीकृत किए गए हैं।जशपुर विकासखंड में जशपुर कॉलेज रोड–ग्रनचटोली (लक्ष्मी नगर) ₹2 करोड़, सिटोंगा–छेंनगोंटोली ₹2 करोड़ 57 लाख, बरगांव–हर्राकोना ₹2 करोड़ 88 लाख, बडबनाई–खुंटीटोली ₹6 करोड़ 57 लाख एवं लोखंडी–बस्ता (घुमलू होकर) मार्ग के लिए ₹4 करोड़ 28 लाख की स्वीकृति दी गई है।वहीं जिले के कांसाबेल विकासखंड अंतर्गत फरसाजुनवाइन–रेनकुटोली ₹1 करोड़ 56 लाख, नक्तिमुंडा–बिहाबल–पतरापाली ₹3 करोड़ 72 लाख, कोडलिया–गतीमहुवा ₹1 करोड़ 93 लाख, सोनारपहरी–मुख्य मार्ग ₹3 करोड़ 20 लाख, खुंटेरे–करमटोली ₹2 करोड़ 72 लाख, एनएच-43–महादेवमुड़ा ₹1 करोड़ 78 लाख, पालीडीह–कटंगजोर–डूमरकोना ₹3 करोड़ 05 लाख, बंधनपुर रोड–बरडांडपरा ₹1 करोड़ 48 लाख तथा लुड़ेग–सुरंगपानी–फिटिंगपारा मार्ग के लिए ₹1 करोड़ 27 लाख स्वीकृत किए गए हैं।इन सड़क कार्यों की स्वीकृति से जशपुर जिले में आवागमन सुलभ होगा, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी तथा शिक्षा, स्वास्थ्य और व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा। वर्षों से लंबित मांगें पूरी होने पर क्षेत्रवासियों में हर्ष का माहौल है।

*जिले के 755 किसानों की बदल गई तकदीर, मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सौर सुजला योजना से सोलर सिंचाई पंप की दी सौगात……*

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*जिले के 755 किसानों की बदल गई तकदीर, मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सौर सुजला योजना से सोलर सिंचाई पंप की दी सौगात……*

जशपुरनगर। प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा किसानों के हित में निरंतर लिए जा रहे फैसलों का सकारात्मक असर अब गांव–गांव तक दिखाई देने लगा है। सौर सुजला योजना मुख्यमंत्री की ऐसी ही एक दूरदर्शी सौगात है, जिसने जशपुर जिले के किसानों की खेती और किस्मत—दोनों बदलने का काम किया है।

*दो वर्षो में जिले के 755 किसानों को मिली बड़ी राहत*

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर जशपुर जिले में सौर सुजला योजना के तहत 755 किसानों को सोलर सिंचाई पंप की स्वीकृति मिली है। यह सौगात उन किसानों के लिए संजीवनी साबित हो रही है, जो अब तक बारिश और पारंपरिक साधनों पर निर्भर थे। सौर ऊर्जा से चलने वाले पंपों ने सिंचाई को आसान, सुलभ और किफायती बना दिया है।

*बगीचा के बंधु यादव की सौर सुजला योजना से बदली तकदीर,मुख्यमंत्री का जताया आभार*

जिले के बगीचा तहसील क्षेत्र निवासी बंधु यादव ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की इस सौगात से लाभान्वित किसानों में शामिल हैं। सोलर पंप मिलने के बाद अब वे समय पर सिंचाई कर पा रहे हैं। इससे फसल की गुणवत्ता बेहतर हुई है और उत्पादन भी बढ़ा है।बंधु यादव कहते हैं कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की यह योजना उनके लिए उम्मीद की नई किरण बनकर आई है।
इसी तरह फरसाबहार तहसील के खुटशेरा निवासी दुलार साय भी इस योजना का लाभ उठा रहे हैं। सोलर पंप लगने से उन्होंने खेती का दायरा बढ़ाया है और अतिरिक्त फसलों की खेती शुरू की है। इससे उनकी आमदनी में बढ़ोतरी हुई है और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है।

*कम लागत,अधिक उत्पादन—किसानों को मिला आत्मविश्वास*

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सोच के अनुरूप सौर सुजला योजना ने किसानों को कम लागत में अधिक उत्पादन का रास्ता दिखाया है। डीज़ल और बिजली पर होने वाला खर्च कम हुआ है, वहीं पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिला है। यह योजना खेती को आत्मनिर्भर और टिकाऊ बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम है।

*दो साल में दिखा सुशासन का असर*

बीते दो वर्षों में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन में किसानों को केंद्र में रखकर कई योजनाएं धरातल पर उतरी हैं। सौर सुजला योजना उनमें से एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जिसने जशपुर जिले के सैकड़ों किसानों को स्थायी सिंचाई सुविधा देकर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाया है।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की यह सौगात आज जशपुर के किसानों के चेहरे पर मुस्कान और खेतों में हरियाली का प्रतीक बन चुकी है।

*मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में जशपुर बना पॉवर हब, दो वर्षों में बिजली ढांचे को मिली ऐतिहासिक मजबूती, प्रदेश का पांचवां 400/220 केवी विद्युत उपकेंद्र हर्राडांड सहित 11 नए सब-स्टेशनों के निर्माण को मिली मंजूरी*

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*मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में जशपुर बना पॉवर हब, दो वर्षों में बिजली ढांचे को मिली ऐतिहासिक मजबूती*

*प्रदेश का पांचवां 400/220 केवी विद्युत उपकेंद्र हर्राडांड सहित 11 नए सब-स्टेशनों के निर्माण को मिली मंजूरी*

जशपुरनगर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के दूरदर्शी एवं जनहितकारी नेतृत्व में जशपुर जिला बीते दो वर्षों में विद्युत अधोसंरचना के क्षेत्र में अभूतपूर्व परिवर्तन का साक्षी बना है। जिले को पॉवर हब के रूप में विकसित करने की दिशा में राज्य की साय सरकार द्वारा बड़े पैमाने पर विद्युत सब-स्टेशनों की स्थापना, ट्रांसमिशन लाइनों के विस्तार तथा वितरण व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए ऐतिहासिक निर्णय लिए गए हैं। इन प्रयासों से जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध, गुणवत्तापूर्ण एवं स्थिर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित हो रही है।
साय सरकार द्वारा जशपुर जिले के हर्राडांड में प्रदेश के पांचवें 400/220 केवी उच्च क्षमता वाले विद्युत उपकेंद्र की स्थापना को मंजूरी दी गई है,जिसकी निविदा प्रक्रिया पूर्ण के बाद निर्माण कार्य जल्द शुरू हो जाएगी,जो पूरे सरगुजा संभाग के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। इसके साथ ही फरसाबहार एवं झिक्की बगीचा में 132/33 केवी सब-स्टेशन की स्थापना की स्वीकृति प्रदान की गई है, जिससे क्षेत्रीय बिजली भार का संतुलन बेहतर होगा।इसके अलावा जिले के सलिहाटोली, विपतपुर, भगोरा, समडमा, मैनी, रेड़े (पथलगांव), पालीडीह, खुटेरा एवं चेटवा में 33/11 केवी विद्युत सब-स्टेशन के निर्माण हेतु करोड़ों रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है। इन सभी परियोजनाओं के लिए आवश्यक प्रक्रियाएं पूर्ण की जा रही हैं और शीघ्र ही निर्माण कार्य प्रारंभ होगा।

*कुनकुरी को मिला मिनी डिपो स्टोर, समय और लागत दोनों में हुई बचत*

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय द्वारा कुनकुरी विकासखंड में उप-क्षेत्रीय भंडार (मिनी डिपो स्टोर) की स्थापना को भी मंजूरी दी गई है, जिसे जिले के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। पूर्व में ग्रामीण क्षेत्रों में खराब या जले हुए वितरण ट्रांसफार्मरों के प्रतिस्थापन हेतु विश्रामपुर एवं सूरजपुर स्थित क्षेत्रीय भंडारों से 150 से 200 किलोमीटर दूर से सामग्री मंगानी पड़ती थी,जिससे मरम्मत कार्य में देरी होती थी।मिनी डिपो स्टोर कुनकुरी के संचालन में आने से अब ट्रांसफार्मर एवं अन्य विद्युत सामग्री स्थानीय स्तर पर ही उपलब्ध हो रही है, जिससे समय की बचत के साथ-साथ विद्युत आपूर्ति शीघ्र बहाल हो रही है।

*नए कार्यालयों की स्थापना से मजबूत हुई विद्युत प्रशासनिक व्यवस्था*

जिले के कुनकुरी में वृत्त कार्यालय, संभागीय कार्यालय, एसटीएम संभागीय कार्यालय, सतर्कता संभागीय कार्यालय, वितरण भंडार, उप-संभागीय कार्यालय तपकरा एवं वितरण केंद्र कुनकुरी की स्थापना की गई है। इन कार्यालयों के संचालन से जिले में विद्युत व्यवस्था की निगरानी और रखरखाव और अधिक प्रभावी हो गया है, जिससे उपभोक्ताओं को त्वरित समाधान मिल रहा है।

*117 नए अतिरिक्त ट्रांसफार्मर की स्थापना ,ग्रामीण इलाकों की लो वोल्टेज समस्या से हमेशा के लिए मिलेगी निजात*

नए सब-स्टेशनों एवं ट्रांसमिशन नेटवर्क सहित ग्रामीण इलाकों में 117 नए ट्रांसफार्मर की स्थापना की जा चुकी है। जिले के दूरस्थ एवं ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षों से चली आ रही लो वोल्टेज की समस्या से स्थायी राहत मिलने की उम्मीद है। इससे किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली मिलेगी, वहीं घरेलू उपभोक्ताओं, व्यापारियों और लघु उद्योगों को भी सीधा लाभ पहुंचेगा।

*बिजली के साथ विकास को मिली नई रफ्तार*

जिलेवासियों का कहना है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में जशपुर जिले को मिली विद्युत सौगातों से न केवल बिजली व्यवस्था मजबूत हुई है, बल्कि कृषि, व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य और उद्योग जैसे क्षेत्रों में भी विकास को नई गति मिली है। निर्बाध बिजली आपूर्ति से आमजन के दैनिक जीवन में सकारात्मक बदलाव स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है।निस्संदेह, साय सरकार की यह पहल जशपुर को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाते हुए विकास के नए आयाम स्थापित कर रही है।

*युवा ही प्रदेश और देश का भविष्य हैं: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय, राज्य सरकार युवाओं को शिक्षा, रोजगार और खेल सहित हर क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध, बिलासपुर में तीन दिवसीय छत्तीसगढ़ राज्य युवा महोत्सव का भव्य शुभारंभ*

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*युवा ही प्रदेश और देश का भविष्य हैं: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय*

*राज्य सरकार युवाओं को शिक्षा, रोजगार और खेल सहित हर क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध*

*बिलासपुर में तीन दिवसीय छत्तीसगढ़ राज्य युवा महोत्सव का भव्य शुभारंभ*

*खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स छत्तीसगढ़-2026 के शुभंकर ‘मोर वीर’, थीम सॉन्ग और खेलो इंडिया टॉर्च का अनावरण*

*मलखंब खिलाड़ियों को एक लाख रुपये प्रोत्साहन राशि सहित कई महत्वपूर्ण घोषणाएं*

रायपुर 23 दिसंबर 2025/छत्तीसगढ़ के युवाओं की प्रतिभा, ऊर्जा और रचनात्मक क्षमता को राष्ट्रीय पहचान दिलाने के उद्देश्य से आयोजित राज्य स्तरीय युवा महोत्सव का आज बिलासपुर के बहतराई स्टेडियम में भव्य शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने तीन दिवसीय इस महोत्सव का उद्घाटन करते हुए खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स छत्तीसगढ़ 2026 के शुभंकर ‘मोर वीर’, थीम सॉन्ग एवं खेलो इंडिया टॉर्च का रिमोट बटन दबाकर अनावरण किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने युवाओं के प्रेरणास्रोत स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित कर नमन किया। उद्घाटन समारोह में अबूझमाड़ क्षेत्र के खिलाड़ियों द्वारा मलखंब की उत्कृष्ट प्रस्तुति दी गई। महिला कबड्डी खिलाड़ी संजू देवी एवं एथलेटिक्स खिलाड़ी श्री अमित कुमार द्वारा खेलो इंडिया टॉर्च का अनावरण किया गया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि युवा ही देश और प्रदेश का भविष्य हैं। राज्य सरकार शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास और खेल सहित हर क्षेत्र में युवाओं को आगे बढ़ाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। यह युवा महोत्सव न केवल युवाओं की प्रतिभाओं को पहचान देने का मंच है, बल्कि उन्हें राष्ट्रीय स्तर तक पहुँचाने का सशक्त माध्यम भी है।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर खेलो इंडिया में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को प्रोत्साहन राशि देने, मलखंब खिलाड़ियों को एक लाख रुपये की विशेष प्रोत्साहन राशि प्रदान करने तथा अमेरिका गॉट टैलेंट में चयनित मलखंब खिलाड़ी अनतई पोटाई के अमेरिका आने-जाने का सम्पूर्ण व्यय राज्य सरकार द्वारा वहन किए जाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि इस युवा महोत्सव में प्रदेशभर से 3,000 से अधिक युवा भाग ले रहे हैं, जो 14 सांस्कृतिक एवं साहित्यिक विधाओंकृ8 दलीय एवं 6 एकलकृमें अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं। लोकनृत्य, लोकगीत, वाद-विवाद, चित्रकला और कविता लेखन की विजेता प्रतिभाएँ वर्ष 2026 में नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय युवा उत्सव में छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व करेंगी।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बस्तर ओलंपिक में 1 लाख 65 हजार से अधिक युवाओं की सहभागिता यह प्रमाण है कि छत्तीसगढ़ नक्सलवाद से मुक्त होकर शांति, विकास और सकारात्मक परिवर्तन की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है। जनजातीय अंचलों में खेलों की अपार संभावनाएँ हैं और सरकार इन क्षेत्रों की प्रतिभाओं को पहचान कर उन्हें आगे बढ़ा रही है।

केंद्रीय राज्य मंत्री श्री तोखन साहू ने कहा कि युवाओं की सृजनशील सोच से ही देश आगे बढ़ता है और केंद्र व राज्य सरकारें मिलकर युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए निरंतर
प्रयासरत हैं।

उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने घोषणा की कि आने वाले समय में सरगुजा अंचल में भी ओलंपिक-स्तरीय खेल आयोजनों का आयोजन किया जाएगा।

उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि बस्तर बदल रहा है और आज जनजातीय क्षेत्रों के युवा राष्ट्रीय मंच पर अपनी प्रतिभा का परचम लहरा रहे हैं।

इस अवसर पर संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री राजेश अग्रवाल, विधायकगण श्री अमर अग्रवाल, श्री धर्मजीत सिंह, श्री धरमलाल कौशिक, श्री सुशांत शुक्ला, महापौर श्रीमती पूजा विधानी, क्रेडा अध्यक्ष श्री भूपेंद्र सवन्नी, छत्तीसगढ़ पाठ्यपुस्तक निगम अध्यक्ष श्री राजा पांडे सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, खिलाड़ी और युवा उपस्थित थे।

*शराब पीकर ,बिना हेलमेट और सीटबेल्ट के गाड़ी चलाने वाले हो जाइए सावधान, कलेक्टर ,एस एस पी ने दिए कार्यवाही करने के निर्देश, सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई संपन्न……*

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*शराब पीकर ,बिना हेलमेट और सीटबेल्ट के गाड़ी चलाने वाले हो जाइए सावधान, कलेक्टर ,एस एस पी ने दिए कार्यवाही करने के निर्देश, सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई संपन्न……*

जशपुरनगर । कलेक्टर श्री रोहित व्यास ने मंगलवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में सड़क सुरक्षा समिति की समीक्षा बैठक ली और बिना हेलमेट और सीटबेल्ट के गाड़ी चलाने वालों पर चालान काटने की कार्रवाई करें। इस अवसर पर एस एस पी श्री शशि मोहन सिंह भी उपस्थित थे।कलेक्टर ने कहा की सभी स्कूल के 100 मीटर के दायरे में कोई भी मादक पदार्थ विक्रय करते पाए जाते हैं तो संबंधित व्यक्तियों पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।कलेक्टर ने मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी को पोस्टमार्टम रिपोर्ट आनलाइन के माध्यम से पुलिस विभाग को शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।उन्होंने आम नागरिकों को वाहन चलाते समय हेलमेट और सीटबेल्ट का उपयोग करने को कहा हैं। एस एस पी श्री शशि मोहन सिंह ने सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में संबंधित अधिकारियों को जिले में जहां 10 जग ब्लैक स्पाट चिन्हांकन किया गया है।उन स्थानों में रात्रि पाली में भी निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। ताकि दुर्घटना को रोका जा सके साथ ही शराब सेवन करके वाहन चलाने वालों पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।उन्होंने कहा कि यातायात के नियमों का उलंघन करने वालों चलान काटने की कार्रवाई करें।
लोगों को सुरक्षित रखना हमारी पहली प्राथमिकता हैं।
इस अवसर पर सभी एसडीएम और पुलिस विभाग परिवहन विभाग के अधिकारीगण उपस्थित थे।

*मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने दो साल में दिए जशपुर को स्वास्थय के क्षेत्र में कई बड़े तौहफे.…..*

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“सुशासन के दो साल: हर गांव तक बेहतर इलाज — मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की बड़ी स्वास्थ्य पहल, जिले को मिली बड़ी उपलब्धि……

जशपुरनगर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में बीते दो वर्षों में जशपुर जिले की स्वास्थ्य सेवाओं ने ऐतिहासिक परिवर्तन का साक्षी बना है। कभी सीमित संसाधनों और बुनियादी सुविधाओं की कमी से जूझने वाला यह जिला आज आधुनिक चिकित्सा ढांचे, सुदृढ़ आपात सेवाओं और जनकल्याणकारी योजनाओं के कारण प्रदेश के अग्रणी जिलों में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार से जशपुर की तस्वीर पूरी तरह बदल गई है। पहले जहां दूरस्थ अंचलों के लोगों को सामान्य उपचार और सुरक्षित प्रसव के लिए भी लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी, वहीं अब जिले में ही उच्च स्तरीय उपचार की सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। डायलिसिस जैसी जटिल सेवाएं, जो कभी कल्पना से परे थीं, अब जिलेवासियों के लिए सुलभ होती जा रही हैं।

*दो वर्षो में मिली स्वास्थ्य के क्षेत्र में मिलीं जिले को कई ऐतिहासिक सौगातें*

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करने के लिए अनेक बड़े निर्णय लिए गए हैं। जशपुर में मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए वित्त विभाग से 359 करोड़ रुपये की सैद्धांतिक स्वीकृति मिलना जिले के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा। इसके साथ ही 220 बिस्तरों वाले अत्याधुनिक अस्पताल के निर्माण के लिए 32 करोड़ रुपये की मंजूरी ने जिले में उच्च स्तरीय चिकित्सा व्यवस्था की नींव रख दी है।अखिल भारतीय कल्याण आश्रम परिसर में 35 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक चिकित्सालय का निर्माण कार्य तीव्र गति से जारी है, जो भविष्य में जशपुर को एक प्रमुख स्वास्थ्य केंद्र के रूप में स्थापित करेगा। वहीं नर्सिंग शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 8.78 करोड़ रुपये की लागत से नर्सिंग कॉलेज भवन निर्माण को स्वीकृति दी गई है, जिससे जिले को प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ की स्थायी उपलब्धता सुनिश्चित होगी।

*मातृ-शिशु स्वास्थ्य को मिली प्राथमिकता*

मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करते हुए कुनकुरी में 50 बिस्तरों वाले मातृ-शिशु अस्पताल का निर्माण 8.77 करोड़ रुपये की लागत से प्रगति पर है। इसके अतिरिक्त जिले में 14 करोड़ रुपये की लागत से फिजियोथेरेपी महाविद्यालय तथा कुनकुरी में 2 करोड़ 62 लाख रुपये से नेचुरोपैथी भवन निर्माण की स्वीकृति ने स्वास्थ्य सेवाओं को बहुआयामी बनाया है।वहीं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर जिले के फरसाबहार मुख्यालय में बहुत जल्द सत्य साईं मातृत्व शिशु चिकित्सालय की स्थापना होगी जो जिले वासियों के साथ पड़ोसी राज्यों को भी इसकी सुविधाएं मुहैया होगी।यह नागलोग क्षेत्र वासियों के लिए बड़ी सौगात है।अब स्वास्थय के क्षेत्र में लोगों के लिए यह वरदान साबित होगी।

*जिले में आपातकालीन सेवाओं को मिली नई गति*

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर जिले में आपात चिकित्सा सेवाओं का उल्लेखनीय विस्तार हुआ है। स्वास्थ्य आपात स्थितियों में त्वरित सहायता सुनिश्चित करने के लिए जिले को 10 नई 108 संजीवनी एंबुलेंस उपलब्ध कराई गई हैं। अब जिले में कुल 24 संजीवनी एक्सप्रेस एंबुलेंस जीवनरक्षक सेवा प्रदान कर रही हैं। इसके अलावा 102 महतारी एक्सप्रेस की 18 एंबुलेंस गर्भवती महिलाओं को समय पर अस्पताल पहुंचाकर सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित कर रही हैं। प्रत्येक विकासखंड में शव वाहन की उपलब्धता ने कठिन समय में ग्रामीण परिवारों को बड़ी राहत दी है।

*नए स्वास्थ्य केंद्रों की सौगात से ग्रामीण क्षेत्रों को मिला संबल*

जिले के स्वास्थ्य ढांचे को जमीनी स्तर पर मजबूत करते हुए कोतबा में 4 करोड़ 37 लाख रुपये की लागत से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भवन निर्माण की स्वीकृति दी गई है। साथ ही जिले के फरसाबहार तहसील के पेटामारा (अंकिरा) एवं गांझियाडीह, दुलदुला तहसील के करडेगा एवं सीरिमकेला तथा कुनकुरी तहसील के केराडीह में 5 नए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की स्थापना को मंजूरी मिली है,जो ग्रामीण क्षेत्रों की स्वास्थ्य सुविधाएं बढ़ जाएगी।आज जशपुर स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नए युग में प्रवेश कर चुका है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में बीते दो वर्षों में किए गए ये ऐतिहासिक प्रयास जिले को एक मजबूत, सक्षम और आधुनिक स्वास्थ्य मॉडल के रूप में स्थापित कर रहे हैं। यह परिवर्तन केवल अधोसंरचना का नहीं, बल्कि जनता के विश्वास और सुरक्षित भविष्य की ओर बढ़ते कदमों का प्रतीक है।

*मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने मेडिकल कॉलेज निर्माण स्थल पर शिला-स्थापना कर जिले को दी ऐतिहासिक सौगात*

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*कबीरधाम में चिकित्सा सुविधाओं के एक नए युग का सूत्रपात*

*कबीरधाम जिला आज विकास के नए युग में कर रहा प्रवेश – मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय*

*मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने मेडिकल कॉलेज निर्माण स्थल पर शिला-स्थापना कर जिले को दी ऐतिहासिक सौगात*

*मुख्यमंत्री ने कवर्धा में श्री पंचमुखी बूढ़ा महादेव रिवर फ्रंट निर्माण और रवेली में महाविद्यालय की घोषणा की*

*मुख्यमंत्री श्री साय ने स्व सहायता समूहों को 7 करोड़ 78 लाख रुपये की राशि का चेक वितरण किया*

रायपुर 12 दिसम्बर 2025/मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज कबीरधाम जिले के नवीन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय के निर्माण स्थल पर शिला-स्थापना कर जिले को एक ऐतिहासिक सौगात दी। इसके साथ ही जिले में चिकित्सा सुविधाओं के एक नए युग का सूत्रपात हुआ। कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह एवं उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा विशेष रूप से उपस्थित थे।

शिला-स्थापना के साथ ही कबीरधाम जिले के स्वास्थ्य मानचित्र में विकास का एक नया अध्याय जुड़ गया है। मेडिकल कॉलेज की स्थापना से जिले का स्वास्थ्य ढांचा और अधिक सुदृढ़ होगा। विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता बढ़ेगी, आधुनिक चिकित्सा सुविधाएँ विकसित होंगी तथा आम जनता को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ स्थानीय स्तर पर ही सुलभ हो सकेंगी।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा की मांग पर कवर्धा में श्री पंचमुखी बूढ़ा महादेव रिवर फ्रंट निर्माण तथा रवेली में महाविद्यालय की घोषणा की।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कबीरधाम जिले में नए शासकीय मेडिकल कॉलेज भवन की शिला-स्थापना को ऐतिहासिक बताते हुए जिलेवासियों को बधाई दी। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बीते 25 वर्षों में छत्तीसगढ़ ने विकास के नए आयाम स्थापित किए हैं। राज्य गठन के बाद सड़क, बिजली, पानी और शिक्षा जैसी मूलभूत व्यवस्थाओं को सुदृढ़ किया गया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने अपने रायपुर प्रवास के दौरान मेडिकल कॉलेज भवन का भूमि-पूजन किया था और आज उसी क्रम में इसकी शिला-स्थापना संपन्न हुई है।
लंबे समय से लंबित इस मांग के पूर्ण होने से लोगों को स्थानीय स्तर पर ही बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएँ उपलब्ध होंगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले दो वर्षों में कवर्धा जिले के स्वास्थ्य ढांचे को मजबूती मिली है। सीटी स्कैन और क्रिटिकल केयर यूनिट जैसी सुविधाओं की स्थापना से इलाज और अधिक सुलभ हुआ है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि राज्य सरकार जन-जन तक स्वास्थ्य सुविधाओं की सुलभ पहुँच सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि आज प्रदेश सरकार के दो वर्ष पूर्ण हो रहे हैं तथा छत्तीसगढ़ राज्य निर्माण के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में राज्यभर में रजत जयंती महोत्सव मनाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 1 नवंबर को प्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी रायपुर आए थे, जहाँ उन्होंने नए विधानसभा भवन एवं ट्राइबल म्यूजियम का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यह संग्रहालय जनजातीय शौर्य और महापुरुषों के बलिदान की स्मृतियों से समृद्ध है, जिसे सभी को अवश्य देखना चाहिए।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी की गारंटी के अनुरूप सभी कार्य समयबद्ध रूप से पूरे किए जा रहे हैं। किसानों के हितों की चर्चा करते हुए उन्होंने बताया कि लगातार तीसरे वर्ष प्रति एकड़ 21 क्विंटल के मान से धान की खरीदी 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर पर की जा रही है।

मुख्यमंत्री ने रामलला दर्शन योजना तथा तेंदूपत्ता की दर 4 हजार रुपये से बढ़ाकर 5500 रुपये प्रति मानक बोरा किए जाने जैसे निर्णयों को किसानों और वनांचल के हित में उठाए गए महत्वपूर्ण कदम बताया।

उन्होंने कहा कि कवर्धा क्षेत्र में बड़ी संख्या में बैगा एवं अन्य जनजातीय समाज निवास करते हैं, जिनके सर्वांगीण विकास के लिए केंद्र सरकार द्वारा पीएम जनमन योजना प्रारंभ की गई है। यह योजना विशेष पिछड़ी जनजातियों के विकास के लिए समर्पित है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि स्वदेश दर्शन योजना के तहत भोरमदेव विकास के लिए 146 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है, जिससे यह क्षेत्र राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान प्राप्त करेगा।

विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने शिला-स्थापना समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आज का दिन कवर्धा के इतिहास में अभूतपूर्व और गौरवपूर्ण है। यह ऐसा क्षण है, जो स्वर्णाक्षरों में दर्ज रहेगा। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद कवर्धा जिले के गठन से लेकर अब तक अनेक महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं, किंतु मेडिकल कॉलेज की स्थापना जैसा ऐतिहासिक दिन जीवन में एक बार ही आता है।

डॉ. सिंह ने कहा कि प्रदेश में किसानों का सम्मान सर्वोपरि है। महतारी वंदन योजना के अंतर्गत माताओं-बहनों को प्रतिमाह 1 हजार रुपये की राशि सीधे उनके खातों में दी जा रही है, जिससे परिवारों को आर्थिक मजबूती मिली है। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री साय की दूरदर्शिता की सराहना करते हुए कहा कि कवर्धा को मिली विकास योजनाओं से जिले की दिशा और दशा तेजी से बदली है।

उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि कवर्धा जिले में मेडिकल कॉलेज की स्थापना हम सभी के लिए ऐतिहासिक सौगात है, जो जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के नए आयाम खोलेगी। उन्होंने बताया कि जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि 4.5 करोड़ रुपये की लागत से सीटी स्कैन सेवा प्रारंभ की गई है और अब तक 814 सीटी स्कैन किए जा चुके हैं। जिला अस्पताल की क्षमता 100 बिस्तरों से बढ़ाकर 220 बिस्तर कर दी गई है तथा 50 क्रिटिकल केयर बेड स्थापित किए गए हैं। पिपरिया और बोड़ला में सोनोग्राफी मशीनें लगाई गई हैं।

उप मुख्यमंत्री ने बताया कि नया मेडिकल कॉलेज 40 एकड़ परिसर में निर्मित किया जाएगा तथा 50 सीटों के साथ मेडिकल कॉलेज की पढ़ाई प्रारंभ करने की तैयारी पूरी कर ली गई है। मेडिकल कॉलेज तक सुगम पहुँच के लिए घोटिया मार्ग एवं गौरव पथ मार्ग का निर्माण किया जा रहा है।

उन्होंने आगे कहा कि जिले में जगमड़वा जलाशय, बड़ौदा खुर्द एवं रामपुर बरेंडा जलाशय सहित कई महत्वपूर्ण सिंचाई परियोजनाओं पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। विद्युत विभाग की 3.30 करोड़ रुपये की परियोजना के अंतर्गत 2 हजार से अधिक ट्रांसफार्मर लगाए जा रहे हैं तथा 8 नए सब-स्टेशन स्थापित किए जा रहे हैं।

उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने बताया कि पीडब्ल्यूडी की 24 सड़कों, मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 28 सड़कों तथा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत 76 सड़कों को स्वीकृति मिली है।

उन्होंने कहा कि सरकार बनने के बाद पहली कैबिनेट बैठक में 18 लाख आवास स्वीकृत किए गए, जिनमें से अकेले कवर्धा जिले में 50 हजार से अधिक आवास शामिल हैं। जिले के सरकारी स्कूलों में 50 स्मार्ट क्लास स्थापित की गई हैं तथा रेंगाखार और पिपरिया में एंबुलेंस सुविधा उपलब्ध कराई गई है।

स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि कवर्धा क्षेत्र के लिए आज का दिन अत्यंत विशेष है। वर्षों पुरानी मांग आज पूरी हुई है। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ राज्य के गठन के समय केवल एक मेडिकल कॉलेज था, जिसे बढ़ाकर 10 मेडिकल कॉलेज तक पहुँचाने का श्रेय पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह को जाता है।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि वर्तमान मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने इस विकास यात्रा को आगे बढ़ाते हुए पाँच अतिरिक्त मेडिकल कॉलेजों की स्वीकृति दी है। कवर्धा वनांचल और जनजातीय बहुल क्षेत्र है, जहाँ मेडिकल कॉलेज का खुलना क्षेत्र के लिए वरदान सिद्ध होगा।

इस अवसर पर सांसद श्री संतोष पाण्डेय एवं पंडरिया विधायक श्रीमती भावना बोहरा ने भी कबीरधाम मेडिकल कॉलेज को जिले के लिए अभूतपूर्व सौगात बताते हुए क्षेत्रवासियों को बधाई दी।

*कॉलेज के लिए 40 एकड़ भूमि आबंटित, 306 करोड़ रुपये से अधिक की राशि को मिली स्वीकृति*

शासन द्वारा मेडिकल कॉलेज निर्माण हेतु ग्राम घोठिया में 40 एकड़ भूमि का आबंटन किया गया है। इस परियोजना के लिए 306 करोड़ रुपये से अधिक की राशि स्वीकृत की गई है। यह मेडिकल कॉलेज अत्याधुनिक तकनीकी सुविधाओं से युक्त होगा तथा राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित किया जाएगा।

*जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं का होगा विस्तार*

मेडिकल कॉलेज की स्थापना के पश्चात कबीरधाम जिले की स्वास्थ्य सेवाओं में व्यापक सुधार देखने को मिलेगा। आधुनिक और उन्नत स्वास्थ्य सेवाएँ स्थानीय स्तर पर ही उपलब्ध होंगी। गंभीर बीमारियों के उपचार के लिए दूरस्थ शहरों पर निर्भरता कम होगी तथा विशेषज्ञ चिकित्सकों एवं सुपर स्पेशियलिटी सेवाओं तक सहज पहुँच सुनिश्चित होगी।

*मुख्यमंत्री ने स्व सहायता समूहों को 7 करोड़ 78 लाख रुपये की राशि का चेक वितरण किया*

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने स्व सहायता समूहों को कुल 7 करोड़ 78 लाख रुपये की राशि का चेक वितरण किया। इसमें लखपति दीदी योजना अंतर्गत 1454 स्व सहायता समूहों को 7 करोड़ 63 लाख रुपये तथा 97 स्व सहायता समूहों को 14 लाख 55 हजार रुपये की राशि प्रदान की गई।

*10 वर्षीय बालक की करंट लगने से हुई थी मृत्यु , 4 साल बाद मिला न्याय, मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय की संवेदनशील पहल से परिजनों को मिली बड़ी राहत, CM साय का जताया आभार…….*

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10 वर्षीय बालक की करंट लगने से हुई थी मृत्यु , 4 साल बाद मिला न्याय, मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय की संवेदनशील पहल से परिजनों को मिली बड़ी राहत, CM साय का जताया आभार…….

जशपुरनगर। जशपुर जिले के कांसाबेल तहसील अंतर्गत पोंगरो निवासी पीताम्बर चौहान के परिवार पर 4 वर्ष पहले दुखों का पहाड़ टूट पड़ा था। उनका 10 वर्षीय मासूम पुत्र शिवा चौहान आंगनबाड़ी केंद्र के पास खेलते समय विद्युत तार की चपेट में आ गया था। करंट लगने से हुई इस दर्दनाक घटना में छोटी सी उम्र में शिवा की मौके पर ही मृत्यु हो गई थी।घटना के बाद से परिवार लगातार मुआवजा प्राप्त करने के लिए संबंधित विभागों के चक्कर काटते रहा, लेकिन 4 वर्ष बीत जाने के बाद भी उन्हें कोई आर्थिक सहायता नहीं मिल सकी। निराश और परेशान परिजनों ने आखिरकार सीएम कैंप कार्यालय बगिया पहुंचकर अपनी पीड़ा सुनाई और लिखित आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तत्काल अधिकारियों को निर्देश दिए। मुख्यमंत्री के सीधे हस्तक्षेप और संवेदनशीलता का परिणाम यह हुआ कि विद्युत विभाग ने प्रकरण की विस्तृत जांच कर मुआवजा स्वीकृत किया।आज मुख्यमंत्री की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय ने परिजनों को 4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता का चेक प्रदान किया। चेक प्राप्त करते समय परिवार के चेहरे पर वर्षों बाद राहत के भाव दिखाई दिए।परिजनों ने भावुक होते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय का हृदय से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि—“चार साल से हम दर–दर भटकते रहे, लेकिन बगिया कैंप कार्यालय ने हमारी पुकार सुनी और हमें न्याय दिलाया। मुख्यमंत्री जी का हम जीवनभर आभार मानेंगे।”
यह घटना न केवल प्रशासनिक संवेदनशीलता का प्रतीक है बल्कि यह भी दर्शाती है कि सीएम कैंप कार्यालय बगिया जनता की समस्याओं का सबसे तेज़ और भरोसेमंद समाधान केंद्र बन चुका है।मुख्यमंत्री के निर्देश पर मिल रही समयबद्ध सहायता ने कई पीड़ित परिवारों के जीवन में आशा की नई किरण जगाई है, और शिवा चौहान के परिवार को मिली यह राहत उसी श्रृंखला का एक सशक्त उदाहरण ।

*चिरायु योजना बच्चों के लिए भी बनी संजीवनी, रायपुर में तीन बच्चों का हुआ निःशुल्क सफल ऑपरेशन, परिजनों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति जताया आभार*

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चिरायु योजना बच्चों के लिए भी बनी संजीवनी

रायपुर में तीन बच्चों का हुआ निःशुल्क सफल ऑपरेशन

परिजनों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति जताया आभार

 

जशपुरनगर, 10 दिसंबर 2025/ राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम ‘चिरायु योजना’ बच्चों के लिए संजीवनी साबित हो रही है। इस योजना ने न केवल कई मासूम बच्चों को नई जिंदगी दी है, बल्कि गरीब परिवारों के चेहरों पर भी फिर से मुस्कान लौटा दी है। कलेक्टर श्री रोहित व्यास के निर्देश पर चिरायु टीम जिले के विभिन्न स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में सक्रिय रूप से जाकर बच्चों की स्वास्थ्य जांच कर रही है। गंभीर बीमारी या जन्मजात विकृति पाए जाने पर उन्हें बेहतर स्वास्थ्य संस्थानों में निशुल्क उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है।

इसी क्रम में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, जिला नोडल अधिकारी चिरायु के मार्गदर्शन में विकासखंड पत्थलगांव की चिरायु टीम के द्वारा अलग-अलग स्कूलों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों में जाकर जन्मजात हृदयरोग, कटे-फटे होंठ एवं तालू तथा अन्य शल्य-चिकित्सा योग्य बीमारियों से पीड़ित बच्चों की पहचान की गई। बीमारी की पुष्टि होने पर 3 बच्चों को रायपुर ले जाकर उनका सफल एवं निःशुल्क ऑपरेशन कराया गया। इनमें आंगनबाड़ी केंद्र गौटियापारा, कोतबा में जांच के दौरान 4 वर्षीय समीर खड़िया जन्मजात हृदयरोग से पीड़ित पाए गए। चिरायु टीम ने उन्हें रायपुर भेजकर निःशुल्क हृदय ऑपरेशन कराया। इसी प्रकार प्राथमिक शाला धनुपारा, मुड़ाबहला में 8 वर्षीय स्तुति तिर्की में जन्मजात हृदयरोग पाया गया, जिनका सफल उपचार कराया गया और आंगनबाड़ी केंद्र कार्राडांड, चिकनीपानी के 01 वर्षीय जॉन्सन टोप्पो के होंठ एवं तालू में विकृति पाए जाने पर उनका भी रायपुर में निःशुल्क ऑपरेशन किया गया। आज तीनों बच्चे स्वस्थ हैं और उनके मासूम चेहरों की मुस्कान माता-पिता के जीवन में नई उम्मीद और सुकून भर रही है।

परिजनों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और चिरायु टीम के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि गरीब परिवारों के लिए यह योजना किसी वरदान से कम नहीं है। सरकार ने उनकी पीड़ा को समझकर बच्चों का उपचार निःशुल्क कराकर उन्हें नया जीवन दिया है। उल्लेखनीय है कि चिरायु योजना के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों और स्कूलों में जाकर बच्चों की संपूर्ण स्वास्थ्य जांच की जाती है। जांच के बाद 44 प्रकार की बीमारियों और विकृतियों की पहचान कर आवश्यकता अनुसार बच्चों को देशभर के श्रेष्ठ अस्पतालों में भेजकर उनका उपचार कराया जाता है।

*मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के तहत श्रद्धालुओं को हरि झंडी दिखाकर किया गया बस को रवाना, श्री राम लल्ला दर्शन के लिए निकले श्रद्धालुओं ने CM विष्णुदेव साय का जताया आभार……*

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*मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के तहत श्रद्धालुओं को हरि झंडी दिखाकर किया गया बस को रवाना, श्री राम लल्ला दर्शन के लिए निकले श्रद्धालुओं ने CM विष्णुदेव साय का जताया आभार……*

 

कांसाबेल। मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के अंतर्गत जनपद पंचायत कांसाबेल के श्रद्धालुओं का आज विशेष दल पवित्र धाम की श्री रामल्ला दर्शन आध्यात्मिक यात्रा पर रवाना हुआ। सुबह कांसाबेल से बस को पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील गुप्ता ने हरी झंडी दिखाकर शुभकामनाओं सहित विदा किया।

इस मौके पर श्रद्धालुओं में धार्मिक उल्लास और उत्साह का वातावरण रहा। कार्यक्रम में नारायण दास, जनपद के कर्मचारी ADEO आशा एक्का, करारोपण अधिकारी श्री बघेल, सचिव जयराम चौहान सहित अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।

श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार जताते हुए कहा कि यह योजना उनके लिए आत्मिक शांति और ईश्वर के दर्शन का अद्भुत अवसर लेकर आई है।जिले में लगातार मिल रही इस योजना की सौगात से आमजन में उत्साह एवं धार्मिक आस्था और मजबूत हो रही है।