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छत्तीसगढ़ हॉकी लीग का दूसरा दिन : मैनपाट टाइटन्स और बैलाडिला बुल्स के बीच मुकाबला 3-3 से ड्रॉ, प्रहलाद बने ‘स्ट्राइकर ऑफ़ द मैच’, करण धनुक को ‘प्लेयर ऑफ़ द मैच’ का पुरस्कार…

रायपुर: छत्तीसगढ़ हॉकी लीग के दूसरे दिन आज पहले मैच में कड़े मुकाबले के बीच मैनपाट टाइटन्स और बैलाडिला बुल्स के बीच मैच 3-3 से ड्रॉ पर समाप्त हुआ। पहले दो क्वार्टर्स में ओलंपियन प्रदीप मोर की टीम मैनपाट टाइटन्स का दबदबा रहा, जबकि आखिरी दो क्वार्टर्स में ओलंपियन चिंगलेनसाना सिंह की टीम बैलाडिला बुल्स ने बेहतर खेल दिखाया। शानदार खेल के लिए प्रहलाद को ‘स्ट्राइकर ऑफ़ द मैच’ चुना गया, जबकि करण धनुक को ‘प्लेयर ऑफ़ द मैच’ का पुरस्कार मिला।

मैच का पहला हमला चौथे मिनट में देखने को मिला। मैनपाट के खिलाड़ियों ने सर्कल में प्रवेश तो किया, लेकिन विपक्षी डिफेंडरों ने आसानी से गेंद को बाहर निकाल दिया। इसके बाद जवाबी हमले में बैलाडिला बुल्स ने भी सर्कल में जगह बनाई, लेकिन उनके पास डिफेंस को चुनौती देने के लिए पर्याप्त ताकत नहीं थी। मैच के 7वें मिनट में मैनपाट के पास गोल करने का एक बेहतरीन मौका आया, जब प्रहलाद टांडी को सर्कल के अंदर गेंद मिली, लेकिन बैलाडिला बुल्स के गोलकीपर ने तेजी से आगे आकर इस मौके को नाकाम कर दिया।

लगातार हमलों के बीच बैलाडिला को अपना पहला पेनल्टी कॉर्नर मिला, जिसे संदीप ठाकुर ने गोल में बदल दिया। यादव अपनी बाईं ओर नहीं जा सके, जबकि गेंद उनके काफी करीब थी। बहरहाल, पहला क्वार्टर बिना किसी और हलचल के समाप्त हुआ। दूसरे क्वार्टर में मैनपाट ने अपनी बढ़त को और मजबूत किया। हालांकि ज्यादा मौके नहीं बने थे, लेकिन हाफ-टाइम से कुछ मिनट पहले प्रवीण यादव ने गोल कर दिया। प्रहलाद ने सर्कल के अंदर शानदार दौड़ लगाई और प्रवीण ने गेंद को बेहतरीन तरीके से डिफ्लेक्ट करके गोल में बदल दिया। हाफ-टाइम तक स्कोर 2-0 हो गया था।

शुरुआती बढ़त मिलने के बाद ऐसा लग रहा था कि मैनपाट अपना दबदबा बनाए रखेगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। बैलाडिला ने लगातार हमले कर विपक्षी डिफेंस पर दबाव बना दिया। उन्होंने कई बार सर्कल के अंदर प्रवेश किया और आखिरकार उनकी लगातार कोशिशों का फल उन्हें मिला। जसकरण सिंह सर्कल के काफी अंदर तक गए और उन्होंने राहुल यादव की तरफ गेंद फ्लिक की, जिसे राहुल ने गोल में बदल दिया। पिछले क्वार्टर की लय को बरकरार रखते हुए जसकरण ने चौथे क्वार्टर की शुरुआत में ही पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर स्कोर बराबर कर दिया। सर्कल के बाहर से लगाए गए एक ‘टोमाहॉक’ शॉट की वजह से बैलाडिला को एक और पेनल्टी कॉर्नर मिला, जिसे मैनपाट के गोलकीपर अल्फ़ाज़ खान ने रोक दिया।

मैनपाट के प्रहलाद को सर्कल के अंदर कुछ खाली जगह मिली, जहाँ से उन्होंने एक ‘रिवर्स फ़्लिक’ के ज़रिए अपनी टीम के लिए गोल कर दिया। मैच के अंत के करीब बैलाडिला के निहाल हुसैन अंसारी ने पेनल्टी कॉर्नर के रिबाउंड पर शॉट लगाकर अपनी टीम के लिए बराबरी का गोल किया।

सांसद चिंतामणि महाराज ने सभी खिलाड़ियों से अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का किया आह्वान, सांसद महाराज ने बॉस्केट में बॉल डालकर किया 26 वीं राज्यस्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का शुभारंभ….

रायपुर: सरगुजा संभाग के मुख्यालय अम्बिकापुर में आज से 4 दिवसीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का रंगारंग आगाज हुआ। राज्य स्तरीय स्पर्धा का आयोजन सरगुजा अंचल वासियों के लिए गौरव का क्षण है। शासकीय बहुउद्देशीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय (मल्टीपरपज स्कूल) ग्राउंड, अंबिकापुर में 26वीं चार दिवसीय राज्यस्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता 2026 का शुभारंभ सांसद सरगुजा श्री चिंतामणि महाराज के मुख्य आतिथ्य में हुआ। खेल का शुभारंभ सांसद श्री महाराज द्वारा बास्केट में बाल डालकर किया गया। इस प्रतियोगिता में बस्तर, बिलासपुर, दुर्ग, रायपुर और सरगुजा संभाग के खिलाड़ी भाग ले रहे हैं। शुभारंभ समारोह में विद्यार्थियों ने बिहू नृत्य, पारंपरिक गीत-संगीत और विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से कार्यक्रम को आकर्षक बनाया।

सांसद चिंतामणि महाराज ने सभी खिलाड़ियों से अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का किया आह्वान

इस अवसर पर सांसद श्री चिंतामणि महाराज ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि खेल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का महत्वपूर्ण माध्यम है। खेलों से बच्चों के शारीरिक एवं मानसिक विकास को बढ़ावा मिलता है तथा उनमें अनुशासन, आत्मविश्वास, टीम भावना और प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है। उन्होंने खिलाड़ियों से पूरे उत्साह और खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने, निरंतर अभ्यास करने तथा खेल के क्षेत्र में आगे बढ़कर उच्च स्तरीय प्रतियोगिताओं में अपनी पहचान बनाने का आह्वान किया। खेलों के जरिए राष्ट्रीय एकता की भावना भी मजबूत होती है। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन से विद्यार्थियों को अपनी खेल प्रतिभा प्रदर्शित करने तथा उच्च स्तरीय प्रतियोगिताओं के लिए तैयार होने का अवसर मिलता है। सांसद ने खिलाड़ियों से खेल भावना के साथ खेलने का आह्वान किया।

सांसद चिंतामणि महाराज ने सभी खिलाड़ियों से अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का किया आह्वान

साथ ही सांसद श्री महाराज ने कहा कि राज्य के सभी संभाग  के खिलाड़ी इस प्रतियोगिता में उत्साहपूर्वक भाग ले रहे हैं। इन प्रतियोगिताओं में भागीदारी कर रहे सभी 215 छात्र एवं 245 छात्राओ को शुभकामनाएं देते हुए खेल भावना, अनुशासन और उत्कृष्ट प्रदर्शन के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने का आह्वान किया। इस दौरान उन्होंने सभी को अपना बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित किया । उन्होंने कहा कि हार जीत तो जीवन का अभिन्न हिस्सा है । बेहतर खिलाड़ी वही है जो अच्छे खेल भावना के साथ अपना बेहतर प्रदर्शन करता है।

सांसद चिंतामणि महाराज ने सभी खिलाड़ियों से अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का किया आह्वान

चार खेलों की विभिन्न वर्गों में होंगी प्रतियोगिताएं

चार दिवसीय इस राज्यस्तरीय प्रतियोगिता में फुटबॉल, बास्केटबॉल, बैडमिंटन और सॉफ्टबॉल टेनिस की प्रतियोगिताएं विभिन्न आयु वर्गों में आयोजित की जा रही हैं। प्रतियोगिता के अंतर्गत 19 वर्ष आयु वर्ग के बालकों की फुटबॉल प्रतियोगिता, 14 एवं 17 वर्ष आयु वर्ग की बालिकाओं की बास्केटबॉल प्रतियोगिता तथा 17 से 19 वर्ष आयु वर्ग के बालक-बालिकाओं की बैडमिंटन और सॉफ्टबॉल टेनिस प्रतियोगिताएं शामिल हैं। उल्लेखनीय है कि इस खेल कार्यक्रम में 215 छात्र और 245 छात्राएँ शामिल हो रही हैं।इस आयोजन में विभिन्न संभागों से आए खिलाड़ियों को प्रतियोगिता के माध्यम से अपनी खेल क्षमता निखारने, प्रतिस्पर्धात्मक अनुभव प्राप्त करने और भविष्य की बड़ी खेल स्पर्धाओं के लिए स्वयं को तैयार करने का अवसर मिल रहा है।

जनप्रतिनिधियों ने किया खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष श्री निरूपा सिंह, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री देवनारायण यादव, महापौर श्रीमती मंजूषा भगत और नगर निगम सभापति श्री हरमिंदर सिंह टिन्नी सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने खिलाड़ियों को संबोधित कर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने खिलाड़ियों से अनुशासन, लगन और मेहनत के साथ बेहतर प्रदर्शन करने तथा राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए निरंतर अभ्यास करने का आह्वान किया।

महापौर श्रीमती मंजूषा भगत ने विद्यार्थियों को स्वच्छ भारत अभियान के उद्देश्यों से जोड़ते हुए अपने शहर और गांवो को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्वच्छता की शुरुआत अपने घर और आसपास के क्षेत्रों से होती है। विद्यार्थियों को अपने परिवेश को स्वच्छ रखने के साथ दूसरों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करना चाहिए। उन्होंने सभी खिलाड़ियों को प्रतियोगिता के लिए शुभकामनाएं दीं।

कलेक्टर श्री अजीत वसंत ने खिलाड़ियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि विद्यार्थियों को खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए बेहतर वातावरण और अवसर उपलब्ध कराना आवश्यक है। उन्होंने खिलाड़ियों से अपनी प्रतिभा निखारने, खेल संस्कृति को समृद्ध बनाने और उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए निरंतर प्रयास करने की अपील की। उन्होंने सरगुजा पहुंचे सभी संभागों के खिलाड़ियों का स्वागत करते हुए उनके बेहतर प्रदर्शन की कामना की और उन्हें सभी सुविधाएं प्रदान करने की बात कही। कार्यक्रम में मेजर अनिल सिंह जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी संयुक्त संचालक शिक्षा, जिला शिक्षा अधिकारी सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित रहे।

बस हादसे में मृत यात्रियों के घर-घर पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, पुष्प अर्पित कर दी श्रद्धांजलि….

रायपुर: मनेंद्रगढ़-केल्हारी मार्ग पर पहाड़हंसवाही के पास हुए दर्दनाक बस हादसे में छह यात्रियों की मृत्यु से प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचकर छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने मृतकों के घर-घर जाकर उनके छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी तथा शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर इस अपूरणीय क्षति पर गहरा दुख जताया।

इस दौरान स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने हादसे में जान गंवाने वाले छह यात्रियों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। मृतकों में ग्राम रोझी (पवई बहरा) के पंचराम (65 वर्ष), मधु एवं पूर्णिमा उर्फ नेहा, ग्राम कछौड़ (गुडरूपारा) की संगीता, ग्राम मनवारी के सिपाहीलाल तथा केवटी (भालूडांड) की सुकारो शामिल हैं। मंत्री ने सभी मृतकों के परिजनों को 25-25 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की। इसके अतिरिक्त ग्राम रोझी निवासी सुक्रीता, पति अमरसाय, को भी 10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता राशि दी गई।

मुख्यमंत्री की ओर से प्रत्येक मृतक परिवार को 5-5 लाख रुपये की सहायता

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की ओर से हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक यात्री के परिवार को 5-5 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान किया जाएगा। इस सहायता से प्रभावित परिवारों को कठिन समय में आर्थिक संबल मिल सकेगा।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने व्यक्त की गहरी संवेदना

मृतकों के घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात के दौरान स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने दुर्घटना में जान गंवाने वाले यात्रियों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। मुख्यमंत्री ने उन्हें पीड़ित परिवारों के बीच पहुंचकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त करने तथा शासन की ओर से हरसंभव सहयोग का संदेश देने के लिए कहा है।

मंत्री ने शोकाकुल परिजनों को सांत्वना देते हुए कहा कि अपनों को खोने का दुख शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता। यह परिवारों के लिए अत्यंत कठिन समय है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शासन और प्रशासन इस दुख की घड़ी में उनके साथ हैं तथा जरूरत के अनुसार हरसंभव सहायता एवं सहयोग उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

दुर्घटनास्थल का निरीक्षण कर लिया जायजा

स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने पहाड़हंसवाही के पास बस दुर्घटनास्थल पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने दुर्घटना से प्रभावित क्षेत्र का अवलोकन किया तथा संबंधित अधिकारियों से हादसे से जुड़ी परिस्थितियों की जानकारी ली। इस दौरान सड़क की स्थिति और भविष्य में इस तरह की दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए आवश्यक उपायों पर चर्चा की गई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सड़क सुरक्षा के प्रति गंभीरता बरतने तथा आवश्यक व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए।

तीन सड़कों के मुरमीकरण और बिहारपुर सीएचसी के लिए नई एंबुलेंस की घोषणा
दुर्घटना के बाद क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में स्वास्थ्य मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को तीन सड़कों के मुरमीकरण कार्य को स्वीकृत कराने के लिए निर्देशित किया। साथ ही केल्हारी से लगभग 25 किलोमीटर दूर स्थित बिहारपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के लिए नई एंबुलेंस उपलब्ध कराने की घोषणा की।

नई एंबुलेंस की उपलब्धता से क्षेत्र के मरीजों को आपातकालीन परिस्थितियों में समय पर अस्पताल पहुंचाने में मदद मिलेगी। इससे जरूरतमंद मरीजों को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को मजबूत बनाने में सहायता मिलेगी। सड़क सुधार और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार से क्षेत्र के लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।

इस दौरान कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े, जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम, पूर्व संसदीय सचिव श्रीमती चंपादेवी पावले, अपर कलेक्टर श्रीमती नम्रता डोगरे, एसडीएम श्री शशि शेखर मिश्रा, श्रीमती इंदिरा मिश्रा, सीएमएचओ डॉ. अविनाश खरे, जनपद पंचायत सीईओ सुश्री वैशाली सिंह, मंडल अध्यक्ष धीरज मौर्य, पूर्व जनपद सदस्य दृगपाल सिंह सहित जनप्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

बस हादसे में मृत यात्रियों के घर-घर पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, पुष्प अर्पित कर दी श्रद्धांजलि….

रायपुर: मनेंद्रगढ़-केल्हारी मार्ग पर पहाड़हंसवाही के पास हुए दर्दनाक बस हादसे में छह यात्रियों की मृत्यु से प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचकर छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने मृतकों के घर-घर जाकर उनके छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी तथा शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर इस अपूरणीय क्षति पर गहरा दुख जताया।

इस दौरान स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने हादसे में जान गंवाने वाले छह यात्रियों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। मृतकों में ग्राम रोझी (पवई बहरा) के पंचराम (65 वर्ष), मधु एवं पूर्णिमा उर्फ नेहा, ग्राम कछौड़ (गुडरूपारा) की संगीता, ग्राम मनवारी के सिपाहीलाल तथा केवटी (भालूडांड) की सुकारो शामिल हैं। मंत्री ने सभी मृतकों के परिजनों को 25-25 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की। इसके अतिरिक्त ग्राम रोझी निवासी सुक्रीता, पति अमरसाय, को भी 10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता राशि दी गई।

मुख्यमंत्री की ओर से प्रत्येक मृतक परिवार को 5-5 लाख रुपये की सहायता

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की ओर से हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक यात्री के परिवार को 5-5 लाख रुपये की सहायता राशि प्रदान किया जाएगा। इस सहायता से प्रभावित परिवारों को कठिन समय में आर्थिक संबल मिल सकेगा।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने व्यक्त की गहरी संवेदना

मृतकों के घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात के दौरान स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने दुर्घटना में जान गंवाने वाले यात्रियों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। मुख्यमंत्री ने उन्हें पीड़ित परिवारों के बीच पहुंचकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त करने तथा शासन की ओर से हरसंभव सहयोग का संदेश देने के लिए कहा है।

मंत्री ने शोकाकुल परिजनों को सांत्वना देते हुए कहा कि अपनों को खोने का दुख शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता। यह परिवारों के लिए अत्यंत कठिन समय है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शासन और प्रशासन इस दुख की घड़ी में उनके साथ हैं तथा जरूरत के अनुसार हरसंभव सहायता एवं सहयोग उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

दुर्घटनास्थल का निरीक्षण कर लिया जायजा

स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने पहाड़हंसवाही के पास बस दुर्घटनास्थल पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने दुर्घटना से प्रभावित क्षेत्र का अवलोकन किया तथा संबंधित अधिकारियों से हादसे से जुड़ी परिस्थितियों की जानकारी ली। इस दौरान सड़क की स्थिति और भविष्य में इस तरह की दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए आवश्यक उपायों पर चर्चा की गई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सड़क सुरक्षा के प्रति गंभीरता बरतने तथा आवश्यक व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए।

तीन सड़कों के मुरमीकरण और बिहारपुर सीएचसी के लिए नई एंबुलेंस की घोषणा
दुर्घटना के बाद क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में स्वास्थ्य मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को तीन सड़कों के मुरमीकरण कार्य को स्वीकृत कराने के लिए निर्देशित किया। साथ ही केल्हारी से लगभग 25 किलोमीटर दूर स्थित बिहारपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के लिए नई एंबुलेंस उपलब्ध कराने की घोषणा की।

नई एंबुलेंस की उपलब्धता से क्षेत्र के मरीजों को आपातकालीन परिस्थितियों में समय पर अस्पताल पहुंचाने में मदद मिलेगी। इससे जरूरतमंद मरीजों को समय पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को मजबूत बनाने में सहायता मिलेगी। सड़क सुधार और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार से क्षेत्र के लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।

इस दौरान कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े, जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम, पूर्व संसदीय सचिव श्रीमती चंपादेवी पावले, अपर कलेक्टर श्रीमती नम्रता डोगरे, एसडीएम श्री शशि शेखर मिश्रा, श्रीमती इंदिरा मिश्रा, सीएमएचओ डॉ. अविनाश खरे, जनपद पंचायत सीईओ सुश्री वैशाली सिंह, मंडल अध्यक्ष धीरज मौर्य, पूर्व जनपद सदस्य दृगपाल सिंह सहित जनप्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

शासन के बल्क परचेस निर्णय से छत्तीसगढ़ में आवासीय योजनाओं को मिली नई गति, संस्थाओं ने खरीदे 226 आवास….

रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा आवासीय योजनाओं को अधिक प्रभावी, व्यावहारिक और जनहितैषी बनाने के लिए लिए गए महत्वपूर्ण निर्णयों के सकारात्मक परिणाम सामने आने लगे हैं। राज्य शासन द्वारा छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के लंबे समय से रिक्त आवासों के विक्रय के लिए बल्क परचेस की अनुमति दिए जाने से प्रदेश में आवासीय संपत्तियों के विक्रय को नई गति मिली है। इस निर्णय के फलस्वरूप विभिन्न शासकीय एवं निजी संस्थाओं द्वारा अपने कर्मचारियों की आवासीय आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए बड़ी संख्या में मकानों की खरीदी की जा रही है।

वित्त एवं आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी के मार्गदर्शन में मंडल द्वारा निर्मित आवासों के बेहतर उपयोग, रिक्त संपत्तियों के विक्रय और आवासीय परिसरों में बसाहट बढ़ाने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। बल्क परचेस की व्यवस्था से जहां लंबे समय से खाली पड़े भवनों का उपयोग सुनिश्चित हो रहा है, वहीं मंडल को राजस्व प्राप्त होने के साथ आवासीय परिसरों में नागरिक सुविधाओं और रखरखाव की व्यवस्था को भी मजबूती मिलने की संभावना है।

छह शहरों में 226 आवासों का विक्रय, लगभग 42.17 करोड़ रुपये का कारोबार

छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल द्वारा संचालित विभिन्न आवासीय योजनाओं के अंतर्गत अब तक दुर्ग, जगदलपुर, बिलासपुर, रायगढ़, नवा रायपुर अटल नगर एवं आरंग में संस्थागत खरीदी के माध्यम से कुल 226 आवासों का विक्रय किया गया है। इन आवासों का कुल मूल्य लगभग 42.17 करोड़ रुपये है।

जीएसटी विभाग द्वारा प्रदेश के चार प्रमुख शहरों में कुल 68 आवासों का क्रय किया गया है, जिनका कुल मूल्य लगभग 23.77 करोड़ रुपये है। इनमें दुर्ग में 24 मकान लगभग 6.50 करोड़ रुपये, जगदलपुर में 16 मकान लगभग 6 करोड़ रुपये, बिलासपुर में 25 मकान लगभग 10.35 करोड़ रुपये तथा रायगढ़ में 3 मकान लगभग 92 लाख रुपये की राशि से खरीदे गए हैं। इसी प्रकार नवा रायपुर अटल नगर में प्रधानमंत्री सह मुख्यमंत्री आवास योजना के अंतर्गत मेफेयर संस्था द्वारा 128 मकानों का लगभग 16.20 करोड़ रुपये में क्रय किया गया है। वहीं मैट्स विश्वविद्यालय द्वारा आरंग में 30 मकान लगभग 2.20 करोड़ रुपये की राशि से खरीदे गए हैं।

दुर्ग, जगदलपुर, बिलासपुर, रायगढ़, नवा रायपुर और आरंग में लगभग 42.17 करोड़ रुपये के आवासों का विक्रय

इसके अतिरिक्त नवा रायपुर अटल नगर में विज्ञान एवं आयुष विश्वविद्यालय द्वारा भी 128 फ्लैट्स की बल्क खरीदी का निर्णय लिया गया है। इन फ्लैट्स का अनुमानित कुल मूल्य लगभग 16.20 करोड़ रुपये है। इस प्रस्तावित खरीदी के पूर्ण होने पर संस्थागत आवास विक्रय का आंकड़ा और बढ़ेगा।

राज्य मंत्रिपरिषद के ऐतिहासिक निर्णय से खुला रिक्त आवासों के उपयोग का रास्ता

छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल द्वारा नवा रायपुर अटल नगर के सेक्टर- 16, 30 एवं 34 में प्रधानमंत्री सह-मुख्यमंत्री आवास योजना के अंतर्गत आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) तथा निम्न आय वर्ग (LIG) के लिए बड़ी संख्या में आवासों का निर्माण किया गया है। योजना के प्रथम चरण में कुल 6,296 भवनों का क्रियान्वयन किया गया था। इन आवासों के विक्रय के लिए समय-समय पर विज्ञापन जारी किए जाने के बावजूद कुछ भवन लंबे समय तक अविक्रित रहे।

इसके कारण भवनों की सुरक्षा, रखरखाव तथा मंडल के वित्तीय संसाधनों के प्रबंधन से संबंधित चुनौतियां सामने आ रही थीं। इन परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिपरिषद ने 14 नवंबर 2025 को महत्वपूर्ण निर्णय लिया। इसके अंतर्गत तीन बार विज्ञापन जारी होने के बाद भी अविक्रित रहने वाले आवासों को पात्र हितग्राहियों के अतिरिक्त अन्य आय वर्ग के व्यक्तियों एवं संस्थाओं को भी विक्रय करने की अनुमति प्रदान की गई।

इस निर्णय में यह भी स्पष्ट किया गया कि अन्य आय वर्ग के व्यक्तियों एवं संस्थाओं को आवास क्रय करने पर शासन द्वारा प्रदत्त अनुदान का लाभ नहीं मिलेगा। इससे मूल पात्र हितग्राहियों के हितों को सुरक्षित रखते हुए रिक्त आवासों के उपयोग का नया रास्ता खुला है।

आवासीय योजनाओं की सफलता का आधार उनमें लोगों की बसाहट होना- अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव

छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के अध्यक्ष श्री अनुराग सिंह देव ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य शासन द्वारा लिया गया यह निर्णय दूरदर्शिता, व्यावहारिक सोच और जनहित का महत्वपूर्ण उदाहरण है। उन्होंने कहा कि किसी भी आवासीय योजना की वास्तविक सफलता केवल भवनों के निर्माण से नहीं, बल्कि उनमें लोगों की बसाहट और उनके बेहतर उपयोग से सुनिश्चित होती है। लंबे समय तक रिक्त रहने वाले भवनों की सुरक्षा एवं रखरखाव पर अतिरिक्त संसाधन खर्च होते हैं। शासन के इस निर्णय से ऐसे भवनों के उपयोग को बढ़ावा मिलने के साथ मंडल की वित्तीय स्थिति को भी मजबूती मिलेगी।

श्री अनुराग सिंह देव ने कहा कि बल्क परचेस की सुविधा से शासकीय, अर्द्धशासकीय एवं निजी संस्थाओं को अपने कर्मचारियों के लिए एक ही परिसर में व्यवस्थित आवास उपलब्ध कराने का अवसर मिल रहा है। इससे कर्मचारियों को बेहतर आवासीय वातावरण मिलेगा और आवासीय परिसरों में बसाहट बढ़ने से आसपास की आर्थिक एवं व्यावसायिक गतिविधियों को भी प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री सह मुख्यमंत्री आवास योजना के अंतर्गत  EWS एवं LIG वर्ग के पात्र हितग्राहियों को निर्धारित केंद्रीय एवं राज्य शासन के अनुदान का लाभ पूर्ववत मिलता रहेगा। अन्य आय वर्ग के व्यक्तियों और संस्थाओं को अनुदान के बिना आवास क्रय करने की सुविधा दी गई है। इस प्रकार शासन ने पात्र हितग्राहियों के हितों की सुरक्षा के साथ रिक्त संपत्तियों के बेहतर उपयोग के बीच संतुलन स्थापित किया है।

बल्क परचेस के प्रति संस्थाओं की बढ़ती रुचि शासन की नीति का सकारात्मक परिणाम-आयुक्त श्री अवनीश कुमार शरण

छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के आयुक्त श्री अवनीश कुमार शरण ने बताया कि शासन के निर्णय के बाद विभिन्न शासकीय एवं निजी संस्थाओं द्वारा मंडल की आवासीय योजनाओं में बल्क परचेस के प्रति रुचि दिखाई जा रही है। उन्होंने बताया कि जीएसटी विभाग द्वारा दुर्ग, जगदलपुर, बिलासपुर एवं रायगढ़ में कुल 68 आवासों की खरीदी तथा मेफेयर और मैट्स विश्वविद्यालय जैसी संस्थाओं द्वारा बड़ी संख्या में आवासों का क्रय किया जाना इस दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इसके अतिरिक्त विज्ञान एवं आयुष विश्वविद्यालय द्वारा नवा रायपुर में 128 फ्लैट्स की बल्क खरीदी का निर्णय संस्थागत आवासीय मांग और शासन की नीति के सकारात्मक प्रभाव को दर्शाता है।

आयुक्त श्री शरण ने बताया कि मंडल द्वारा आवासों के विक्रय की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुसार ऑनलाइन ऑफर के माध्यम से संचालित की जा रही है। पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता, निष्पक्षता और समान अवसर सुनिश्चित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

रिक्त आवासों के बेहतर उपयोग से बढ़ेगी बसाहट, स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मिलेगा लाभ

राज्य शासन की इस पहल से आवासीय योजनाओं में निर्मित संपत्तियों के बेहतर उपयोग के साथ नई बसाहट को प्रोत्साहन मिल रहा है। बड़ी संख्या में कर्मचारियों और उनके परिवारों के आवासीय परिसरों में निवास करने से स्थानीय बाजार, परिवहन, दैनिक उपयोग की वस्तुओं तथा अन्य सेवाओं की मांग भी बढ़ेगी। इसके साथ ही आवासीय परिसरों में नियमित बसाहट होने से भवनों की सुरक्षा, रखरखाव और उपलब्ध नागरिक सुविधाओं के प्रभावी उपयोग में भी सहायता मिलेगी। संस्थागत खरीदी से मंडल को प्राप्त होने वाले राजस्व का उपयोग भविष्य की आवासीय एवं अधोसंरचना विकास गतिविधियों को गति देने में भी सहायक हो सकेगा।

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के सबके लिए आवास के विजन के अनुरूप मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार आवासीय सुविधाओं के विस्तार और निर्मित आवासों के प्रभावी उपयोग की दिशा में कार्य कर रही है। शासन की बल्क परचेस नीति इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में सामने आई है, जिससे प्रदेश में आवासीय विकास, संस्थागत सुविधाओं के विस्तार और व्यवस्थित शहरी बसाहट को नई गति मिल रही है।

*राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु जी के छत्तीसगढ़ आगमन पर प्रदेशवासियों में हर्ष, बस्तर दशहरा एवं मुरिया दरबार में होंगी शामिल…*

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राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु जी के छत्तीसगढ़ आगमन पर प्रदेशवासियों में हर्ष, बस्तर दशहरा एवं मुरिया दरबार में होंगी शामिल…

 

रायपुर,छत्तीसगढ़। प्रभु श्रीराम के ननिहाल और माता कौशल्या की पावन धरा छत्तीसगढ़ में माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु जी के आगमन पर समस्त प्रदेशवासियों की ओर से हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन किया गया।

राष्ट्रपति जी की ऐतिहासिक बस्तर दशहरा एवं मुरिया दरबार में गरिमामयी उपस्थिति छत्तीसगढ़ की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, गौरवशाली परंपराओं और विशिष्ट सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान देने का महत्वपूर्ण अवसर है। बस्तर दशहरा अपनी अनूठी परंपराओं, जनजातीय आस्था और जनसहभागिता के लिए देशभर में विशिष्ट स्थान रखता है।

मुरिया दरबार बस्तर की लोकतांत्रिक परंपराओं, जनजातीय समाज की सामूहिक सहभागिता और स्थानीय जनभावनाओं की अभिव्यक्ति का महत्वपूर्ण मंच है। राष्ट्रपति जी की उपस्थिति से इन सांस्कृतिक परंपराओं के महत्व को और अधिक व्यापक पहचान मिलने की उम्मीद है।

छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विविधता, जनजातीय गौरव और परंपराओं को सम्मान देने वाला यह अवसर प्रदेश की विशिष्ट पहचान को रेखांकित करता है। साथ ही, विकसित छत्तीसगढ़ के संकल्प को आगे बढ़ाने और प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की दिशा में भी प्रेरणादायी साबित होगा।

युवा उड़ान 2026 – युवाओं की ऊर्जा, प्रतिभा और संकल्प से साकार होगा विकसित भारत का सपना, मंत्री लखन लाल देवांगन के मुख्य आतिथ्य में युवा उड़ान कार्यक्रम संपन्न, शिक्षा, रोजगार और खेल के अवसरों पर हुआ संवाद….

रायपुर: छत्तीसगढ़ राज्य गठन के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर युवाओं की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने, उनकी आकांक्षाओं को समझने और राष्ट्र निर्माण में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग एवं जिला प्रशासन कोरबा द्वारा आज पंडित जवाहरलाल नेहरू सभागार में ‘युवा उड़ान 2026’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रदेश के वाणिज्य, उद्योग, श्रम, आबकारी एवं सार्वजनिक उपक्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन के मुख्य आतिथ्य में आयोजित इस कार्यक्रम में युवाओं को शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास, खेल एवं व्यक्तित्व निर्माण के अवसरों का लाभ उठाकर विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षण संस्थानों के प्राध्यापकों तथा स्कूल, कॉलेज, आईटीआई और लाइवलीहुड से जुड़े छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष श्री विश्वविजय सिंह तोमर, महापौर श्री संजूदेवी राजपूत, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन सिंह, सभापति श्री नूतन सिंह ठाकुर, कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत, निगम आयुक्त श्री आशुतोष पाण्डेय, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रतीक जैन, श्री गोपाल मोदी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

चुनावी प्रक्रिया में संसाधनों की बचत से विकास कार्यों को मिलेगी गति – मंत्री लखन लाल देवांगन

मुख्य अतिथि उद्योग मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने अपने संबोधन में युवाओं से सकारात्मक सोच, विवेक और दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने तथा किसी भी भ्रामक सूचना या बहकावे में आए बिना देश एवं प्रदेश के विकास में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ की अवधारणा चुनावी खर्च कम करने तथा बार-बार लागू होने वाली आदर्श आचार संहिता के कारण विकास कार्यों में आने वाली बाधाओं को कम करने में सहायक हो सकती है। चुनावी प्रक्रिया में प्रशासनिक अमले और सरकारी संसाधनों के लंबे समय तक व्यस्त रहने से जनकल्याणकारी योजनाओं एवं विकास कार्यों की गति प्रभावित होती है। संसाधनों का बेहतर उपयोग कर विकास की प्रक्रिया को गति देना और वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ना आवश्यक है।

मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से प्रत्येक परिवार को आवास, शौचालय, पेयजल और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। केंद्र एवं राज्य सरकार युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए निरंतर कार्य कर रही हैं। युवाओं को इन अवसरों का लाभ उठाते हुए अपनी क्षमता का विकास करना चाहिए और मेहनत के बल पर अपने लक्ष्य हासिल करने चाहिए।

कोरबा जिले में जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) के माध्यम से शिक्षा एवं अधोसंरचना के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की आर्थिक परिस्थितियां उनकी उच्च शिक्षा में बाधा न बनें, इसके लिए सहायता उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालयों, छात्रावासों एवं महाविद्यालय भवनों के निर्माण और मरम्मत के साथ महाविद्यालयों में सांस्कृतिक एवं अन्य गतिविधियों के लिए डोम निर्माण की पहल की जा रही है। जिले में मेडिकल कॉलेज की शुरुआत तथा सड़क एवं रेल संपर्क के विस्तार जैसे विकास कार्य कोरबा के भविष्य को मजबूत आधार प्रदान करेंगे। उन्होंने युवाओं से इन अवसरों का सदुपयोग कर प्रदेश और देश की प्रगति में सहभागी बनने की अपील की।

इस अवसर पर मंत्री श्री देवांगन ने प्रियदर्शिनी इंदिरा स्टेडियम परिसर स्थित राजीव गांधी ऑडिटोरियम के नवीनीकरण के लिए जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) से 2 करोड़ रुपये की स्वीकृति की घोषणा की। इस पहल से जिले में कार्यक्रमों, सांस्कृतिक गतिविधियों एवं अन्य आयोजनों के लिए उपलब्ध सुविधाओं को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।

’सेवा, संस्कार और निरंतर परिश्रम ही युवा शक्ति की असली पहचान – श्री विश्वविजय सिंह तोमर’

छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष श्री विश्वविजय सिंह तोमर ने युवाओं से संवाद करते हुए कहा कि युवा होने की पहचान केवल उम्र या वेशभूषा से नहीं, बल्कि विचारों, कर्मों और समाज के प्रति जिम्मेदारी से होती है। सच्चा युवा वह है जो गिरे हुए व्यक्ति को उठाए, जरूरतमंद का सहारा बने, सेवा को अपना धर्म माने तथा नारी शक्ति, माता-पिता और बड़ों का सम्मान करे। कथनी और करनी में समानता रखते हुए देशसेवा को जीवन का उद्देश्य बनाना ही युवा शक्ति का वास्तविक परिचय है।

उन्होंने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी ताकत हैं और उनके विचार तथा सुझाव शासन की युवा नीति को अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। कार्यक्रम में युवाओं को उपलब्ध कराए गए सुझाव-पत्रों के माध्यम से वे अपनी आवश्यकताओं, समस्याओं और विचारों को साझा करें। प्राप्त सुझावों पर विचार कर उपयुक्त प्रस्तावों को युवा नीति में शामिल करने का प्रयास किया जाएगा।

श्री तोमर ने स्वामी विवेकानंद के संदेश, “उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक लक्ष्य की प्राप्ति न हो”, का स्मरण कराते हुए कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता। निरंतर परिश्रम, आत्मविश्वास और अपनी कमियों को पहचानकर उन्हें दूर करने का प्रयास ही प्रगति का मार्ग प्रशस्त करता है। उन्होंने प्रेरक संदेश देते हुए कहा, “राजा का बेटा ही राज करेगा, यह जरूरी नहीं; अपनी मेहनत से हर युवा अपना मुकाम बना सकता है।” उन्होंने युवाओं को अपनी परिस्थितियों से निराश होने के बजाय दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।

प्रदेश की बेटियों की खेल उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए उन्होंने पाली क्षेत्र की कबड्डी खिलाड़ी संजू देवी और राजनांदगांव की ज्ञानेश्वरी का उदाहरण दिया। उन्होंने बताया कि संजू देवी भारतीय महिला कबड्डी टीम की विश्व कप विजेता सदस्य रही हैं। विश्व कप की उपलब्धि पर उन्हें 50 लाख रुपये तथा एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने पर 51 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि दिए जाने की जानकारी भी साझा की। उन्होंने कहा कि प्रदेश की बेटियां विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा से नई पहचान बना रही हैं और युवाओं को इन उपलब्धियों से प्रेरणा लेनी चाहिए। पतंग और चकरी का उदाहरण देते हुए श्री तोमर ने युवाओं से कहा कि वे शिक्षा, रोजगार और सफलता के लिए देश-विदेश में आगे बढ़ें, लेकिन अपने माता-पिता, परिवार, गांव, संस्कृति और विरासत से जुड़े रहें। उन्होंने युवाओं से सूचना की सत्यता परखने, सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने तथा शिक्षा, कौशल, खेल और रचनात्मक कार्यों के माध्यम से राष्ट्र निर्माण में योगदान देने की अपील की।

युवाओं की प्रतिभा को अवसर और संसाधन उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकता – कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत’

कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने कहा कि ‘युवा उड़ान 2026’ की वास्तविक शक्ति यहां उपस्थित विद्यार्थी और युवा हैं। विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भागीदारी निर्णायक होगी। उन्होंने ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ की अवधारणा का उल्लेख करते हुए कहा कि चुनावी प्रक्रिया में लगने वाले समय, धन और प्रशासनिक संसाधनों का बेहतर उपयोग विकास कार्यों को गति देने में सहायक हो सकता है।

उन्होंने कहा कि भारत के पास विशाल युवा शक्ति है। युवाओं को अपनी क्षमताओं पर विश्वास रखते हुए चुने हुए क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन का लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए। जापान और जर्मनी का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि अनुशासन, परिश्रम और मजबूत कार्यसंस्कृति के बल पर देश कठिन परिस्थितियों से उबरकर प्रगति कर सकते हैं। कोरबा जिले के युवाओं ने राजनीति, प्रशासन, खेल और अन्य क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा साबित की है। अब आवश्यकता है कि इन उपलब्धियों को व्यापक स्तर पर पहुंचाने के लिए युवाओं को उचित मार्गदर्शन, प्रशिक्षण और अवसर उपलब्ध कराए जाएं।

कलेक्टर ने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन युवाओं को योग्यता के अनुरूप अवसर उपलब्ध कराने तथा भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में प्रयासरत है। जिले में उच्च शिक्षा को प्रोत्साहित करने के लिए जिला खनिज न्यास के माध्यम से स्वामी विवेकानंद शिक्षा प्रोत्साहन योजना संचालित की जा रही है। इसके अंतर्गत पात्र विद्यार्थियों की आर्थिक स्थिति उच्च शिक्षा में बाधा न बने, इसके लिए सहायता प्रदान की जा रही है। साथ ही, दिशा पहल के तहत मेडिकल एवं इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की निःशुल्क आवासीय कोचिंग शुरू की जा रही है। विद्यार्थियों को अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए भी बेहतर अवसर उपलब्ध कराने पर कार्य किया जा रहा है।

खेलों को करियर निर्माण और व्यक्तित्व विकास का महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए उन्होंने कहा कि कोरबा को खेलों के मॉडल शहर के रूप में विकसित करने के लिए आवश्यक अधोसंरचना तैयार की जा रही है। शासकीय पीजी कॉलेज में सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक, इंदिरा प्रियदर्शिनी स्टेडियम के उन्नयन तथा आदिवासी बालक एवं बालिका खेल परिसर के विस्तार सहित विभिन्न खेल सुविधाओं से जुड़े प्रस्तावों पर कार्य किया जा रहा है। इन प्रयासों का उद्देश्य जिले के खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, संसाधन और आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना है।
कलेक्टर ने विद्यार्थियों से अपने लक्ष्य स्पष्ट रखने, नियमित परिश्रम करने और उपलब्ध अवसरों का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन युवाओं को शिक्षा, करियर मार्गदर्शन, कौशल विकास और खेल के क्षेत्र में सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

युवाओं और स्काउट-गाइड के विद्यार्थियों का सम्मान, राष्ट्र निर्माण में भागीदारी का संदेश

कार्यक्रम के दौरान युवाओं में उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा का संचार देखने को मिला। विभिन्न महाविद्यालय के प्राध्यापकों द्वारा एक राष्ट्र एक चुनाव, केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं , विकसित भारत विकसित छत्तीसगढ़ की संकल्पना में युवाओं के योगदान पर अपने व्याख्यान प्रस्तुत किए।

विभिन्न शैक्षणिक एवं प्रशिक्षण संस्थानों से पहुंचे विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए युवा शक्ति, शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास और राष्ट्र निर्माण से जुड़े विचारों को सुना। युवाओं को अपनी प्रतिभा निखारने, सामाजिक दायित्वों के प्रति सजग रहने और उपलब्ध अवसरों का उपयोग कर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया।

इस अवसर पर स्काउट-गाइड के छात्र-छात्राओं सहित उपस्थित युवाओं को उपहार भेंटकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में युवाओं को अपने विचार साझा करने, शासन की युवा नीति से जुड़ने और विकास की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाने का अवसर प्रदान किया।

पीडब्ल्यूडी सचिव ने सड़कों, पुलों, कॉलेज भवन और विश्राम गृह का किया निरीक्षण, गुणवत्ता में लापरवाही पर जताई नाराजगी….

रायपुर: लोक निर्माण विभाग के सचिव श्री मुकेश कुमार बंसल ने आज राजनांदगांव और डोंगरगांव क्षेत्र में सड़कों, पुलों, निर्माणाधीन कॉलेज भवन और पुराने विश्राम गृह का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने सड़क निर्माण एवं मरम्मत की गुणवत्ता पर नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को कार्यालयों तक सीमित रहने के बजाय नियमित रूप से निर्माण स्थलों पर पहुंचकर कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने सड़क की चौड़ाई, ग्रेन्युलर सब-बेस (जीएसबी) की मोटाई, लेवल और मार्किंग की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

पीडब्ल्यूडी सचिव ने सड़कों, पुलों, कॉलेज भवन और विश्राम गृह का किया निरीक्षण, गुणवत्ता में लापरवाही पर जताई नाराजगी

लोक निर्माण विभाग के सचिव ने राजनांदगांव से अंबागढ़ चौकी मार्ग के फोरलेन चौड़ीकरण कार्य का जायजा लेते हुए सड़क की विभिन्न परतों, निर्धारित चौड़ाई और लेवल की जांच करने को कहा। ग्राम पैरी नाला में निर्माणाधीन पुल की नींव, पिलर, कैप एवं अन्य संरचनात्मक कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर जल निकासी और तकनीकी मापदंडों का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए। उन्होंने ग्राम सुखरी से दीवानभेड़ी तक निर्माणाधीन सड़क का निरीक्षण कर खुदाई, बेस निर्माण एवं अन्य कार्यों की गुणवत्ता जांचने तथा निर्माण कार्यों की वीडियोग्राफी और आवश्यक अभिलेखों का संधारण सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने ठेकेदारों से निर्धारित कार्ययोजना के अनुसार काम कराने और तकनीकी खामियां तत्काल दूर करने के निर्देश दिए।

पीडब्ल्यूडी सचिव ने सड़कों, पुलों, कॉलेज भवन और विश्राम गृह का किया निरीक्षण, गुणवत्ता में लापरवाही पर जताई नाराजगी

श्री बंसल ने डोंगरगांव में पुराने विश्राम गृह का निरीक्षण करते हुए मुख्य भवन को लोक निर्माण विभाग के कार्यालय के रूप में विकसित करने तथा परिसर के अन्य उपयोग योग्य भवनों की मरम्मत कर कार्यालय एवं भंडारण कक्ष के रूप में उपयोग करने को कहा। उन्होंने जर्जर और अनुपयोगी संरचनाओं को हटाने, परिसर का समतलीकरण एवं साफ-सफाई कराने सहित सभी आवश्यक सुधार कार्य 15 से 20 दिनों के भीतर पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसके लिए उपलब्ध विभागीय मदों से राशि की व्यवस्था करने को कहा। उन्होंने सड़क की स्थिति सुधारने, रोड मार्किंग एवं सेंटर लाइन का कार्य कराने तथा डिवाइडर की साफ-सफाई और रंग-रोगन कराने के भी निर्देश दिए।

विभागीय सचिव ने डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम अर्जुनी में निर्माणाधीन नवीन शासकीय महाविद्यालय भवन का भी निरीक्षण किया। उन्होंने महाविद्यालय की लगभग 10 एकड़ भूमि का विधिवत सीमांकन कर चारों ओर सीमा-चिन्ह के रूप में पिलर स्थापित करने के निर्देश दिए, ताकि शासकीय भूमि अतिक्रमण से सुरक्षित रहे। उन्होंने भूमि और पहुंच मार्ग से संबंधित राजस्व अभिलेख अद्यतन कराने को भी कहा। उन्होंने महाविद्यालय के निर्माणाधीन दो मंजिला भवन में फ्लोरिंग, प्लास्टर एवं अन्य कार्यों की गुणवत्ता का जायजा लेते हुए मुख्य प्रवेश द्वार और सड़क के स्तर में अंतर को ध्यान में रखकर सुगम आवागमन की व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा दिव्यांगजनों के लिए उपयुक्त रैम्प निर्माण की संभावनाएं तलाशने को कहा। उन्होंने वर्षा जल निकासी के लिए डाउन-पाइप की उचित व्यवस्था और पाइपों की सुरक्षा के उपाय करने के भी निर्देश दिए।

श्री बंसल ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता, सुरक्षा और तकनीकी मापदंडों का कड़ाई से पालन करते हुए निर्धारित समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने को कहा। उन्होंने निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी और लापरवाही पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। सभी कार्यों के निरीक्षण के दौरान लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता श्री वी.के. भतपहरी, दुर्ग परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता श्री एन.के. जयंत, अधीक्षण अभियंता श्रीमती अपर्णा चौरपगार और कार्यपालन अभियंता सुश्री रितु खरे सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

अबूझमाड़ के मुहाने पर जलापूर्ति की नई मिसाल, जल जीवन मिशन से बदली ग्राम कचोरा की तस्वीर….

रायपुर: छत्तीसगढ़ के सुदूर अंचलों तक मूलभूत सुविधाओं और शासकीय योजनाओं का लाभ पहुँचाने की मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की प्रतिबद्धता रंग ला रही है। जिला मुख्यालय नारायणपुर से लगभग 55 किलोमीटर दूर,ग्राम पंचायत महोरा के आश्रित गाँव कचोरा में जल जीवन मिशन ने ग्रामीणों के दैनिक जीवन में सुगमता और खुशहाली का नया अध्याय लिखा है। कलेक्टर के कुशल मार्गदर्शन में जिले के अंतिम व्यक्ति तक विकास योजनाओं की पहुँच सुनिश्चित की जा रही है,जिसका प्रत्यक्ष उदाहरण यह दूरस्थ गाँव बना है।

*​पानी के संघर्ष से घर-घर नल तक की यात्रा*

​मुख्य रूप से कृषि पर निर्भर 24 परिवारों वाले इस गाँव की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के कारण ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं को पेयजल की व्यवस्था के लिए रोज़ाना कड़ी मशक्कत और कठिन श्रम करना पड़ता था। इस समस्या का स्थायी समाधान करते हुए जल जीवन मिशन के तहत गाँव में लगभग 2,084 मीटर लंबी पाइपलाइन बिछाई गई और 10 हज़ार लीटर क्षमता वाली दो सोलर-आधारित पानी की टंकियों का निर्माण किया गया।​आज गाँव के शत-प्रतिशत (24) परिवारों के घरों तक नल से शुद्ध और सुरक्षित पेयजल पहुँच रहा है, जिससे ग्रामीणों के समय और श्रम दोनों की बचत हो रही है।

अबूझमाड़ के मुहाने पर जलापूर्ति की नई मिसाल

*​’हर घर जल उत्सव’ से जगा जल संरक्षण का संकल्प*

योजना के सफलतापूर्वक पूर्ण होने पर गाँव में पूरे उत्साह के साथ ‘हर घर जल उत्सव’ का आयोजन किया गया। इस अवसर पर आयोजित ग्रामसभा में ‘जल अर्पण’ कार्यक्रम के ज़रिए ग्रामीणों ने जल स्रोतों के संरक्षण, स्वच्छता बनाए रखने और पानी की एक-एक बूंद को सहेजने का सामूहिक संकल्प लिया। ग्रामीणों को समझाया गया कि सुविधा मिलने के साथ ही जल स्रोतों का उत्तरदायित्वपूर्ण उपयोग और रखरखाव ही इसकी निरंतरता का आधार है।

*​जनभागीदारी से सुदृढ़ हुई योजना की नींव*

योजना को आत्मनिर्भर और सुचारू बनाए रखने के लिए स्थानीय स्तर पर ज़िम्मेदारियों का बँटवारा किया गया है। जिसमें ​पंप संचालन एवं रखरखाव,​जल गुणवत्ता परीक्षण और ​निगरानी और प्रबंधन को शामिल किया गया है। ​ग्राम कचोरा की यह सफलता इस बात का जीवंत प्रमाण है कि जब शासन की नीति और स्थानीय जनभागीदारी एक साथ आते हैं, तो दुर्गम क्षेत्रों में भी कोई सकारात्मक सामाजिक और ढांचागत परिवर्तन संभव हो जाता है। घर-घर नल से पहुँचा शुद्ध जल न केवल बीमारियों से सुरक्षा दे रहा है, बल्कि ग्रामीणों के जीवनस्तर को ऊँचा उठाकर एक सशक्त और आत्मनिर्भर गाँव का सपना साकार कर रहा है।

उद्योग मंत्री ने कोरबा में बरेठ समाज को दी 15 लाख के सामुदायिक भवन की सौगात, 96.76 लाख के कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन….

रायपुर: छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री श्री लखन लाल देवांगन आज कोरबा के ढोढ़ीपारा में आयोजित लोकार्पण एवं भूमिपूजन कार्यक्रम में सम्मिलित हुए। इस अवसर पर उन्होंने विभिन्न समाजों एवं वार्डों में विकास कार्यों की सौगात देते हुए कुल 96.76 लाख रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया।

उद्योग मंत्री ने कोरबा में बरेठ समाज को दी 15 लाख के सामुदायिक भवन की सौगात, 96.76 लाख के कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन

कार्यक्रम में वार्ड क्रमांक 15 अंतर्गत जीटी हॉस्टल, सीएसईबी के नहर पुल के समीप बरेठ समाज की मांग पर डीएमएफ मद से 15 लाख रुपये की लागत से निर्मित सामुदायिक भवन का लोकार्पण किया गया। वहीं, वार्ड क्रमांक 18 कोहड़िया एवं आसपास के क्षेत्रों में 81.76 लाख रुपये के विभिन्न विकास कार्यों का भूमिपूजन किया गया।

इस अवसर पर मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने कहा कि बीते पौने तीन वर्षों में कोरबा शहर के सभी समाजों की मांगों के अनुरूप विकास कार्य कराए जा रहे हैं। लगभग 60 समाजों को विभिन्न विकास कार्यों की सौगात दी जा चुकी है। आज बरेठ समाज को नए सामुदायिक भवन की सुविधा मिली है, वहीं कहरा समाज को भी विभिन्न विकास कार्यों की सौगात दी जा रही है।

उद्योग मंत्री ने कोरबा में बरेठ समाज को दी 15 लाख के सामुदायिक भवन की सौगात, 96.76 लाख के कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन

मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी के सशक्त नेतृत्व में कोरबा में विकास कार्यों को लगातार गति मिल रही है। बीते तीन वर्षों में 1100 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगात मिली है। हमारा प्रयास है कि स्वीकृत कार्य जल्द से जल्द धरातल पर उतरें और आम नागरिकों को उनका लाभ मिले। उन्होंने बताया कि आने वाले एक से दो महीनों में 100 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की शुरुआत की जाएगी।

इन विकास कार्यों की मिली सौगात
इस दौरान उद्योग एवं श्रम मंत्री श्री देवांगन ने विभिन्न विकास कार्यों की सौगातें दी। लोकार्पण कार्य में वार्ड क्रमांक 15, जीटी हॉस्टल सीएसईबी के नहर पुल के समीप बरेठ समाज के लिए सामुदायिक भवन निर्माण  लगात  राशि 15 लाख रुपये है। इसी तरह भूमिपूजन कार्य में वार्ड क्रमांक 18, कोहड़िया में मुक्तिधाम निर्माण एवं विकास कार्य जिसकी लागत राशि 48.61 लाख रुपये है।

उद्योग मंत्री ने कोरबा में बरेठ समाज को दी 15 लाख के सामुदायिक भवन की सौगात, 96.76 लाख के कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन

इसके अलावा वार्ड क्रमांक 18 में पचरी निर्माण कार्य — 6.60 लाख रुपये, वार्ड क्रमांक 18, बावापारा कोहड़िया में पचरी निर्माण कार्य — 6.57 लाख रुपये, वार्ड क्रमांक 18 में सामुदायिक भवन के समीप पेवर ब्लॉक, शेड एवं अतिरिक्त विकास कार्य — 9.98 लाख रुपये शामिल है। साथ ही कहरा मोहल्ला सामुदायिक भवन के समीप शौचालय, किचन शेड एवं सांस्कृतिक मंच निर्माण 10 लाख रुपये, 15 लाख रुपये के कार्य का लोकार्पण और 81.76 लाख रुपये के कार्यों का भूमिपूजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कोरबा महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत ने की तथा नगर निगम सभापति श्री नूतन ठाकुर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।